सोमवार, 8 अप्रैल 2019

परमेश्वर के वचनों का एक भजन आज की आशीषों को तुम्हें संजोना चाहिए



  • परमेश्वर के वचनों का एक भजन
  • आज की आशीषों को तुम्हें संजोना चाहिए 

  • I
  • जब ईश्वर हाथों से जग को ऊँचा करता है, लोग खुशी से झूमते हैं।
  • वे और दुखी नहीं रहते, वे उस पर निर्भर होते हैं।
  • जब ईश्वर अपना चेहरा छिपाता है, नीचे दबा कर लोगों को,
  • जल्द ही दम घुटता है उनका, मुश्किल से जीते हैं।
  • वे मृत्यु से डर कर परमेश्वर को पुकारते हैं।
  • क्योंकि वे देखना चाहते हैं वो दिन जब उसकी महिमा होगी।
  • ईश्वर ने कइयों को जग में भेजा और कइयों को निकाला है।
  • और ईश्वर के हाथों से कई गुज़रे।
  • कई आत्माएं अधोलोक में फेंकी गईं,
  • कई रहे हैं देह में, कई फिर से जन्मे हैं।
  • फिर भी कोई भी स्वर्ग के राज्य के आशीषों का आनंद न ले सका।
  • II
  • परमेश्वर का दिन परम है मानव के जीने के लिए।
  • उनमें तड़प है उसके महान दिन की, इसलिए वे जीवित हैं।
  • ईश्वर के मुँह से निकला आशीष है कि अंत के दिनों में,
  • लोग हैं ईश्वर की महिमा को निहारने के क़ाबिल।
  • समय के साथ छोड़ा जग को कइयों ने अनिच्छा और मायूसी से,
  • और कई आए दुनिया में आशा और आस्था के साथ।
  • ईश्वर ने कइयों को जग में भेजा और कइयों को निकाला है।
  • और ईश्वर के हाथों से कई गुज़रे।
  • कई आत्माएं अधोलोक में फेंकी गईं,
  • कई रहे हैं देह में, कई फिर से जन्मे हैं।
  • फिर भी कोई भी स्वर्ग के राज्य के आशीषों का आनंद न ले सका।
  •  
  • "वचन देह में प्रकट होता है" से
  • Source From:सर्वशक्तिमान परमेश्वर की कलीसिया
  •                सर्वशक्तिमान परमेश्वर

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