Hindi Gospel Song "परमेश्वर चाहे ज़्यादा लोग उससे उद्धार पाएँ" | Warnings of the Last Days From God
परमेश्वर चाहे जब सामना हो परमेश्वर के वचन से और काम से,
तो ज़्यादा लोग पड़ताल करें उसकी पूरे ध्यान से,
और इन अहम वचनों को देखें पवित्र हृदय से।
न चलें उनके कदमोंनिशाँ पर जो सज़ा पा चुके हैं।न बनें पौलुस जैसे जो जानता था मार्ग सच्चा, मगर जानबूझकर जिसने अवहेलना की और जो गँवा बैठा पापबलि। नया कार्य उसका स्वीकार कर लो, सत्य को उसके तुम ग्रहण कर लो। तब पा सकते हो तुम परमेश्वर के उद्धार को! नहीं चाहता परमेश्वर और लोग सज़ा पाएँ, बल्कि वो चाहता है ज़्यादा लोगों को बचाना, ज़्यादा लोग अनुसरण करें, उसके पदचिन्हों पर चलें, ज़्यादा लोग प्रवेश करें परमेश्वर के राज्य में। नया कार्य उसका स्वीकार कर लो, सत्य को उसके तुम ग्रहण कर लो। तब पा सकते हो तुम परमेश्वर के उद्धार को! तुम्हारी उम्र हो कितनी भी, कितने भी बड़े हो, या दुख कितने भी सहे हों, होता है धार्मिक बर्ताव परमेश्वर का सबके साथ। धार्मिक रहता है, उसका स्वभाव नहीं बदलता इन बातों से कभी। वो करता नहीं पक्षपात किसी के संग, मगर रखता है नज़र कि इंसान छोड़कर सबकुछ, स्वीकार करता है या नहीं उसके सत्य को, नए काम को। नया कार्य उसका स्वीकार कर लो, सत्य को उसके तुम ग्रहण कर लो। तब पा सकते हो तुम परमेश्वर के उद्धार को! नया कार्य उसका स्वीकार कर लो, सत्य को उसके तुम ग्रहण कर लो।
चमकती पूर्वी बिजली, सर्वशक्तिमान परमेश्वर की कलीसिया का सृजन सर्वशक्तिमान परमेश्वर के प्रकट होने और उनका काम, परमेश्वर यीशु के दूसरे आगमन, अंतिम दिनों के मसीह की वजह से किया गया था। यह उन सभी लोगों से बना है जो अंतिम दिनों में सर्वशक्तिमान परमेश्वर के कार्य को स्वीकार करते हैं और उसके वचनों के द्वारा जीते और बचाए जाते हैं। यह पूरी तरह से सर्वशक्तिमान परमेश्वर द्वारा व्यक्तिगत रूप से स्थापित किया गया था और चरवाहे के रूप में उन्हीं के द्वारा नेतृत्व किया जाता है। इसे निश्चित रूप से किसी मानव द्वारा नहीं बनाया गया था। मसीह ही सत्य, मार्ग और जीवन है। परमेश्वर की भेड़ परमेश्वर की आवाज़ सुनती है। जब तक आप सर्वशक्तिमान परमेश्वर के वचनों को पढ़ते हैं, आप देखेंगे कि परमेश्वर प्रकट हो गए हैं।
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